आरिफ़ नियाज़ी
रुड़की के अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज में नवीन छात्रों के प्रवेश के लिए प्रवेश उत्सव मनाया गया जिसमें बड़ी संख्या में छात्र छात्राओं के साथ अभिभावक भी पहुंचे ।इस दौरान राजकीय इंटर कॉलेज में शिक्षा विभाग के देहरादून से पहुंचे सीनियर प्रोफेशनल ऑफिसर मदन मोहन उनियाल ने प्रवेश लेने वाले छात्रों एवं उनके अभिभावकों को शिक्षा विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी ।सरकारी स्कूलों को उत्तराखंड सरकार किस तरह से पहले से बेहतर बनाने की कवायद में जुटी है इसकी भी जानकारी दी गई।
उनियाल ने बताया कि राजकीय इंटर कॉलेज रुड़की सीबीएसई नई दिल्ली से मान्यता प्राप्त है जहां पर इंग्लिश मीडियम की क्लासेस चलाई जा रही है उन्होंने बताया कि हाईली क्वालिफाइड स्टाफ एनसीसी आर्मी एनसीसी नवलविंग है पूरा राजकीय इंटर कॉलेज सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में है। स्मार्ट क्लास भी कॉलेज में चलाई जाएगी।इस दौरान विद्यालय के प्रधानाचार्य सुबोध कुमार मलिक ने बताया कि अभी तक राजकीय इंटर कॉलेज में 350 के लगभग रजिस्ट्रेशन विभिन्न कक्षाओं में प्रवेश के लिए हो चुके हैं अटल उत्कृष्ट विद्यालय राजकीय इंटर कॉलेज में अनुशासन के साथ साथ बेहतर पढ़ाई पर भी ध्यान दिया जाता है।
उन्होंने कहा कि अभिभावकों को भी अपनी जिम्मेदारी को भी समझनी चाहिए बच्चों पर नजर रखें और वह समय से विद्यालय भेजें ताकि वह आगे बढ सके। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती देवी के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित करके किया गया ।इस मौके पर कॉलेज के अध्यापक इश्तियाक अहमद, देवेंद्र पाल, धर्मपाल सिंह, कृष्ण पाल सिंह चौहान, दीपा कौशिक, रेखा रावत, पदम चौधरी ,श्रीमती दुर्गेश नंदिनी नेगी,ललित मोहन जोशी, प्रदीप कुकरेती , राम शंकर सिंह,अजय सैनी,रामकुमार वर्मा, श्यामवीर राठी,सुरेश चंद, हेमंत बत्रा, पंकज बेंजवाल,और सत्येंद्र कुमार आदि मौजूद रहे ।इस दौरान प्रधानाचार्य ने बताया कि प्रत्येक छात्र के लिए किताबें देश और जूते कॉलेज द्वारा निशुल्क दिए जाएंगे।





More Stories
भीम आर्मी ने उत्तराखंड में बढ़ाया संगठन का कुनबा, पिरान कलियर के राशिद अली बने प्रदेश सचिव।
पिरान कलियर विवादित टिप्पणी के मामले में हिंदू रक्षा दल के प्रदेश और जिला अध्यक्ष पर एफआईआर दर्ज।
कलियर शरीफ हज़रत साबिर पाक के सालाना उर्स पर रूहानी नशिस्त और नूरानी महफ़िल,बख़्श दे नाना की उम्मत को ऐ रब्बे-करीम*, ये दुआ इब्ने-अली शेरे-ख़ुदा मांगे हैबख़्श दे नाना की उम्मत को ऐ रब्बे-करीम, ये दुआ इब्ने-अली शेरे-ख़ुदा मांगे है।