आरिफ नियाज़ी।
जिन शिक्षकों पर देश का भविष्य बनाने की ज़िम्मेदारी है या ये कहें की जिन शिक्षकों को समाज में बेहद सम्मान मिलता है आज वहीं शिक्षक बेबस होकर धरना देने को मजबूर हैं। दरअसल उत्तराखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ ब्लॉक इकाई नारसन द्वारा उप शिक्षा अधिकारी कार्यालय नारसन में शिक्षकों की विभिन्न मांगों को लेकर ज़ोरदार धरना-प्रदर्शन किया गया। इस दौरान संघ के पदाधिकारियों और शिक्षकों ने अपनी प्रमुख मांगें उप शिक्षा अधिकारी के समक्ष रखीं।
धरना स्थल पर उपस्थित शिक्षकों ने कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार के मुद्दे को भी जोरदार तरीके से उठाया। विशेष रूप से उस पटल का उल्लेख किया गया, जहाँ से अनियमितताओं की शिकायतें लगातार मिल रही हैं। संघ ने स्पष्ट रूप से चेतावनी दीं कि ऐसे पटल प्रभारी को तत्काल बदलने की आवश्यकता है।
उप शिक्षा अधिकारी ने शिक्षकों की सभी मांगों को गंभीरता से लेते हुए आश्वासन दिया कि एक सप्ताह के भीतर सभी मांगों का निस्तारण किया जाएगा। जिस पटल पर भ्रष्टाचार की शिकायत है, उसके प्रभारी को तत्काल हटाया जाएगा।
संघ ने उप शिक्षा अधिकारी द्वारा दिए गए इस आश्वासन का स्वागत किया और चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समयावधि में मांगों का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।इस अवसर पर आकाश कुमार, दिनेश गढ़वाल,रविंद्र कुमार, अरविंद कुमार निजामपुर अब्दुल कादिर शफकत अली मोहम्मद इकबाल शाजिया परवीन, मुकेश सैनी नेपाल सिंह सेवानिवृत शिक्षक अनीता जबरदस्तपुर,शिक्षक मासूम अली आदि बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।





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